BREAKING NEWS : पत्रकार का मर्डर उसकी हिस्ट्रीशीटर प्रेमिका ने करायी थी…. एक साथ दो-दो युवकों संग मना रही थी रंगरेलियां…पकड़े जाने पर नया आशिक संग मिलकर पुरानेआशिक को हटा दिया रास्ते से

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कानपुर  : में  पत्रकार आशु यादव का मर्डर उसकी हिस्ट्रीशीटर महबूबा ने ही कराया था। हत्या के 72 घंटे बाद पुलिस ने इस मर्डर मिस्ट्री का खुलासा कर दिया है। बेबफा गर्लफ्रेंड ने पत्रकार से छुटकारा पाने के लिए अपने एक हिस्ट्रीशीटर आशिक की मदद से पत्रकार आशु यादव का काम तमाम करा दिया। पुलिस ने मुख्य आरोपी को उसके साथियों के साथ गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन आशु की प्रेमिका अभी तक फरार है. पुलिस उसकी तलाश में छापेमारी कर रही है. आशु यादव नये साल के पहले दिन ही गायब हो गया था,

जिसकी लाश 2 जनवरी को मिली थी कानपुर के स्थानीय पत्रकार आशु यादव ने कुछ दिनों पहले ही पत्रकारिता की दुनिया में कदम रखा था. दरअसल, आशु के घरवालों ने नए साल के पहले दिन यानी 1 जनवरी को उसकी गुमशुदगी थाने में दर्ज कराई थी. पुलिस को 2 जनवरी के दिन बर्रा थाना क्षेत्र में सीटीआई नहर के पास एक लावारिस कार के खड़ी होने की सूचना मिली. कार वहां दो दिन से खड़ी थी. पुलिस ने मौके पर जाकर कार की तलाशी ली तो उस कार की पिछली सीट पर एक युवक की नंगी लाश पड़ी थी.

जब पुलिस ने शिनाख्त की कार्रवाई की तो उसकी पहचान आशु यादव के रूप में हुई. आशु यादव शहर के रेल बाजार का निवासी था. शव मिलने के बाद पुलिस ने तेजी से मामले की छानबीन शुरू की. कानपुर के एसपी (सिटी) राज कुमार अग्रवाल ने बताया कि आशु यादव की हत्या उसकी गर्लफ्रेंड ने कराई थी. आशु की गर्लफ्रेंड का अमित नामक एक होटल संचालक से प्रेम संबंध था. इसी बात की वजह से वो आशु से दूरी बनाना चाहती थी. लेकिन आशु उसका पीछा नहीं छोड़ रहा था. बस फिर क्या था, उस लड़की ने अमित के साथ मिलकर हत्या की ये खौफनाक साजिश रच डालीनए साल के पहले दिन यानी एक जनवरी की रात उस लड़की ने फोन करके आशु को मिलने के लिए बुलाया. जब आशु वहां पहुंच गया तो सभी ने मिलकर शराब पी और जब आशु नशे की हालत में झूमने लगा तो पहले उसे पीटा गया और बाद में गला दबाकर उसकी हत्या कर दी गई. पुलिस ने इस मामले में दो अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया है. लेकिन अभी तक इस हत्याकांड में शामिल गर्लफ्रेंड और अमित की तलाश अभी तक जारी है.

पहले से ही शादीशुदा थी पत्रकार की महबूबा
पुलिस ने जूही लाल कालोनी निवासी किशन वर्मा व सचिन वर्मा को मीडिया के सामने पेश किया। एसपी पूर्वी राजकुमार अग्रवाल ने बताया कि सचेंडी व घाटमपुर के जहरीली शराब कांड का आरोपित अवनीश शर्मा जेल में है। जेल में अवनीश की मुलाकात मोती मोहाल निवासी अमित गुप्ता से हुई। अमित को सितंबर 2020 में पैरोल पर रिहाई मिली तो अवनीश ने उससे अनुरोध किया कि वह उसकी पत्नी दीपिका का ख्याल रखे। जेल से छूटने के बाद अमित ने दीपिका से संपर्क किया और जल्द ही दोनों के बीच प्रेम संबंध स्थापित हो गए। अमित, दीपिका को लेकर मसवानपुर में एक किराये के मकान में रहने लगा और एक कपड़े की दुकान खोल ली।

घर आने जाने के दौरान अमित के दोस्त आशू यादव से भी दीपिका के प्रेम संबंध से हो गए। यह बात अमित को नागवार गुजरी और हत्या की योजना बना ली। दीपिका को धमकी दी कि अगर वह इसमें शामिल नहीं हुई तो वह जेल में बंद उसके पति तक उसकी बेवफाई की खबर पहुंचा देगा।

इसके बाद दीपिका ने फोन करके आशू को मसवानपुर स्थित अपने घर बुलाया। आशू को शराब पिलाई। फिर घर पर पहले से मौजूद अमित, किशन व सचिन ने आशू की गला दबाकर हत्या कर दी। आशू ने जो ज्वैलरी पहन रखी थी, वह दीपिका ने लूट ली। हत्या के बाद शव कार में डाल कर फरार हो गए। पुलिस दीपिका और अमित की तलाश कर रही है। पुलिस को अमित और किशन के बीच रात 2.08 बजे का वह वाट्सएप मैसेज भी मिल गया है, जिसमें किशन ने लिखा है, भाई आज बुला लो काम हो जाएगा।

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